नई दिल्ली। स्टील बनाने वाली दिग्गज कंपनी टाटा गु्रप अपने 71 साल के चेयरमैन रतन टाटा के उत्तराधिकारी की तलाश जोरों पर कर रही हैं।
ताजा खबर ये है कि टाटा समूह ने इसके लिए सलाहकार भी नियुक्त कर दिए हैं।
सूत्रों की मानें तो टाटा समूह का उत्तराधिकारी समूह के बाहर से भी हो
सकता हैं।
वहीं, उत्तराधिकारी महिला भी हो सकती हैं। रतन टाटा साफ कर चुके हैं कि
टाटा ग्रुप की कमान संभालने के लिए जिसे चुना जाएगा। वो भारतीय या फिर
विदेशी भी हो सकता हैं। वो मानते है कि अगर आगामी चेयरमैन भी भारतीय होता
है तो बदलाव आसान रहता। लेकिन अब टाटा समूह का 65 प्रतिशत लाभ विदेश से
आता हैं और इस सूरत में किसी विदेशी का इस पद पर बैठना भी ठीक होगा।
गौरतलब है कि अब तक सिर्फ चेयरमैन टाटा परिवार के रहे हैं। हालांकि,
फिलहाल किसी भी परिवार के सदस्य को उत्तराधिकारी के उम्मीदवार के तौर पर
चुना नहीं गया हैं।
नई दिल्ली। भारत के सबसे धनाढय 100 लोगों में मुकेश अंबानी अव्वल नंबर पर हैं, जबकि महिलाओं में यह स्थान सावित्री जिंदल को मिला है।
फोब्र्स इंडिया की ओर से जारी अरबपतियों की यह सूची इस बात की गवाह है कि
आर्थिक क्षेत्र में तमाम मुश्किलों के बावजूद भारत तेजी से तरक्की के
रास्ते पर अग्रसर है। आर्थिक क्षेत्र में तमाम उठा-पटक के बावजूद भारत में
अरबपतियों की तादाद पहले के मुकाबले इस साल ज्यादा हो गई है। इस सूची से
यह साफ है कि देश को आर्थिक तरक्की के रास्ते पर ले जाने वाले इन दिग्गजों
ने पहले के मुकाबले खुद को और बेहतर साबित किया है और उनकी कमाई में
अच्छा-खासा इजाफा हुआ है। देश के सबसे धनाढय 100 लोगों की इस लिस्ट में
सबसे ऊपर रिलायंस इंडस्ट्रीज के मुखिया मुकेश अंबानी का नाम है।
पिछले साल के मुकाबले इनकी कमाई में 54 फीसदी का इजाफा हुआ है और इनके पास
32 अरब अमरीकी डॉलर की संपत्ति है। महत्वपूर्ण बात यह है कि फोब्र्स
इंडिया के 100 अमीरों की कुल कमाई देश की जीडीपी का एक चौथाई है। इस सूची
में कुल 6 महिलाएं हैं, जिनमें से एक टॉप दस में शामिल है।
फोब्र्स इंडिया की पिछली सूची के मुकाबले इस बार भारी उलटफेर तो नहीं है,
फिर भी कुछ चौंकाने वाले नतीजे जरूर आए हैं। देश के दूसरे सबसे अमीर शख्स
की गद्दी इस्पात किंग लक्ष्मी मित्तल को मिली है। इनकी कम... Read more »
भारतीय
शेयर बाजार उतार-चढ़ाव के बाद बढ़त के साथ बंद हुए। बीएसई सेंसेक्स 19 अंक
की मजबूती के साथ 17,051 रहा। निफ्टी 4 अंक की बढ़त के साथ 5,062 पर बंद
हुआ। एनएसई के मंझोले सूचकांक सीएनएक्स मिडकैप में 0.15% की कमजोरी रही।
बीएसई मिडकैप सूचकांक में 0.08% की कमजोरी रही, जबकि बीएसई स्मॉलकैप में
0.22% की गिरावट आयी। आज सुबह भारतीय शेयर बाजारों की शुरुआत बढ़त के
साथ हुई। सेंसेक्स खुलते ही कल के बंद स्तर 17,032 से 4 अंक ऊपर 17,036 तक
चला गया। निफ्टी भी हल्की बढ़त के साथ खुला। लेकिन कुछ देर के बाद ही
दोनों सूचकांक लाल निशान पर चले गये। कुछ क्षण के लिए सेंसेक्स 17,000 के
मनोवैज्ञानिक स्तर के नीचे चले गया, लेकिन इसने फिर से वापसी की और 17,000
के स्तर को पार कर लिया। दोपहर के कारोबार में शेयर बाजार में गिरावट बढ़
गयी और सेंसेक्स 17,000 के मनोवैज्ञानिक स्तर के नीचे चला गया। आज के
कारोबार में सेंसेक्स ने नीचे की ओर 16,883 का आँकड़ा छुआ, जबकि निफ्टी ने
नीचे की ओर 5,010 का स्तर छुआ। कारोबार के आखिरी घंटे में शेयर बाजार ने
वापसी की और हरे निशान पर चल गया। सेसेक्स ने एक बार फिर 17,000 के
मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर लिया। आखिरकार सेंसेक्स 0.11% की हल्की बढ़त
के साथ बंद हुआ।